- 17-05-2026 06:00 pm to 17-05-2026 09:00 pm
- आभासीय संगोष्ठी कोलकाता
डिजिटल युग में हिंदी लघु कथा : संवेदना से स्क्रीन तक की यात्रा
हिंदी लघु कथा आज केवल पत्र-पत्रिकाओं तक सीमित नहीं रही, बल्कि सोशल मीडिया, माइक्रोफिक्शन, डिजिटल प्लेटफ़ॉर्म और दृश्य माध्यमों के जरिए नए पाठकों और नए विमर्शों तक पहुँच रही है। बदलते समय, तकनीक, कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI), मोबाइल संस्कृति और त्वरित संप्रेषण के दौर में हिंदी लघु कथा के स्वरूप, भाषा, संवेदना और प्रभाव में व्यापक परिवर्तन आया है।
इन्हीं महत्वपूर्ण प्रश्नों और संभावनाओं पर केंद्रित यह राष्ट्रीय संगोष्ठी हिंदी लघु कथा के समकालीन परिदृश्य, उसकी रचनात्मक चुनौतियों, सामाजिक सरोकारों और भविष्य की दिशाओं पर गंभीर विमर्श का मंच प्रदान करेगी।
इस परिचर्चा में देशभर के साहित्यकार, शोधार्थी, युवा लेखक, अध्यापक, समीक्षक और साहित्य प्रेमी भाग लेंगे तथा निम्न विषयों पर विचार साझा करेंगे —
- डिजिटल माध्यमों में लघु कथा का बदलता स्वरूप
- सोशल मीडिया और साहित्यिक अभिव्यक्ति
- AI और रचनात्मक लेखन
- स्त्री, दलित, आदिवासी और हाशिये के विमर्श
- माइक्रोफिक्शन, फ्लैश फिक्शन और नई कथात्मक संरचनाएँ
- पाठक संस्कृति और हिंदी लघु कथा का भविष्य
यह संगोष्ठी हिंदी साहित्य की बदलती दुनिया को समझने और नई पीढ़ी के रचनात्मक हस्तक्षेपों को पहचानने का एक महत्वपूर्ण प्रयास है।
📅 दिनांक : 17 मई 2026
🕕 समय : सायं 6 बजे
📍 माध्यम : ऑनलाइन संगोष्ठी (Zoom)